Siachen – Photo essay

सियायिन पर बर्फ पिघलेगी कभी या नहीं, इस सवाल पर पर्यावरणवादियों और रणनीतिकारों की राय फर्क हो सकती है। एक तरफ बर्फ पिघलना चिंता का विषय है तो इस सबसे दुर्गम, सबसे ठंडे, सबसे उंचे युद्धस्‍थल पर पिछले 28 वर्षों से संघर्षरत भारत और पाकिस्‍तान के रिश्‍तों में जमी बर्फ को पिघलाने के लिए भी जब-तब प्रयास होते रहते हैं।

Image

इस महाकाय ग्‍लेशियर की काया सैनिकों के बूटों की ठक-ठक से अब कराहने लगी है, और तमाम अध्‍ययन इस ओर इशारा कर  रहे हैं कि ग्‍लेशियर पर बर्फ का दरिया सिकुड़ने लगा है। करीब 25 बरस पहले जहां बेस कैंप तक स्‍नाउट हुआ करता था अब वहीं करीब 16,000 फुट तक मोरेन दिखता है। असली बर्फानी विस्‍तार तो इतनी उंचाई के बाद शुरू होता है जो सचमुच परेशानी का सबब है।

जो हो, इतना तो है कि ये बर्फीला संसार किसी दैवीय अनुभूति का ठिकाना अवश्‍य है। इसकी सर्द रातों में सिर्फ सफेदी की झिलमिलाती चादर पर सैनिकों को सब्र, संतोष, निडरता का अहसास कराते कुछ दैवीय अहसासों का जिक्र अक्‍सर होता रहा है।  यहां आकर महसूस भी होता है कि सभ्‍यता से इतनी दूर, इस वीराने में ईश्‍वरीय मौजूदगी कहीं वाकई करीब है, बेहद करीब।

Image

इस अनंत सफेदी के विस्‍तार में ईश्‍वरीय अनुभूति सैनिकों को संबल देती है।

Image

तेजी से पिघलते बर्फानी विस्‍तार ने नुब्रा को बेशक पानी से सराबोर कर दिया है, लेकिन पर्यावरण संतुलन के लिहाज से बर्फ पिघलने की यह रफ्तार चिंताजनक है।Image

नुब्रा घाटी से ही जैसे इंसानी संसार से नाता टूटने लगता है और एक अद्भुत, अविश्‍वसनीय, अकथनीय, संसार से संवाद शुरू हो जाता है।

सियाचिन के मुहाने पर मोरेन की मौजूदगी ऐसे ही कई हतप्रभ कर देने वाले दृश्‍यों को जन्‍म देती है, लेकिन काफी दूर तक जब यही सिलसिला दिखता है तो सोचने को मजबूर कर देता है कि इंसानी मौजूदगी ने सियाचिन जैसे दुर्गम इलाके को भी अपनी गतिविधियों से अस्‍त-व्‍यस्‍त कर दिया है। 

आस्‍था के आगे सारे तर्क फीके हैं, धर्म-निरपेक्ष भारतीय सेना का हर नायक सियाचिन में ओ पी बाबा के आशीर्वाद के सहारे ही आगे बढ़ता है। हर अभियान से पहले ओ पी बाबा के मंदिर में हाजिरी अटूट हौंसला देती है सैनिक को।

Advertisements

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / Change )

Connecting to %s